सरबानंद सोनोवाल ने SCI को भारत की समुद्री और जहाज निर्माण महत्वाकांक्षाओं का प्रमुख आधार बताया
City News Mumbai••2 व्यूज़•3 मिनट पढ़ें
मुंबई, दि. 2 अक्टूबर 2026 (सिटी न्यूज़ मुंबई) केंद्रीय बंदरगाह, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्री सरबानंद सोनोवाल ने शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (SCI) से भारत को आत्मनिर्भर और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी जहाज निर्माण एवं समुद्री शक्ति बनाने के अभियान में अग्रणी भूमिका निभाने का आह्वान किया। वे शुक्रवार को मुंबई के इंटरनेशनल क्रूज़ टर्मिनल में आयोजित SCI के 65 वर्ष पूरे होने के समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
सोनोवाल ने SCI को छह दशक से अधिक की सेवा पूरी करने पर बधाई दी और देश की ऊर्जा एवं व्यापार सुरक्षा में कंपनी की भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने हालिया स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संकट के दौरान SCI के प्रदर्शन का भी उल्लेख किया।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत के विकसित भारत और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को हासिल करने में मजबूत राष्ट्रीय समुद्री बेड़े की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि भारत का लक्ष्य 2047 तक दुनिया के प्रमुख जहाज निर्माण और जहाज मालिक देशों में शामिल होना है।
उन्होंने कहा, “SCI इस बात का स्पष्ट उदाहरण है कि भारत समुद्र में अपनी ताकत खुद कैसे बना सकता है। Maritime Amrit Kaal Vision 2047 के तहत भारत को प्रमुख जहाज निर्माण राष्ट्र बनाने की दिशा में SCI का बेड़ा, उसके कर्मचारी और साझेदारियां महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।”
1961 में केवल 19 जहाजों के साथ एक लाइनर शिपिंग कंपनी के रूप में शुरू हुई SCI आज एक विविधीकृत समुद्री कंपनी बन चुकी है। वर्तमान में कंपनी के पास कुल 58 जहाज हैं, जिनकी क्षमता 5.26 मिलियन डेडवेट टन (DWT) है।
SCI की गतिविधियों में कच्चे तेल और पेट्रोलियम उत्पादों के टैंकर, बल्क एवं कंटेनर शिपिंग, LPG और LNG कैरियर, ऑफशोर सेवाएं, यात्री एवं तटीय परिवहन, प्रोजेक्ट कार्गो, जहाज प्रबंधन और जहाज निर्माण परामर्श जैसी सेवाएं शामिल हैं।
सोनोवाल ने कहा कि भारत अब केवल जहाजों का मालिक बनने तक सीमित नहीं रहना चाहता, बल्कि देश में ही जहाजों का निर्माण करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि SCI की दशकों की विकास यात्रा राष्ट्रीय संकल्प के साथ भारतीय उद्यम की क्षमता को दर्शाती है।
महाराष्ट्र के मत्स्य एवं बंदरगाह मंत्री नितेश नारायण राणे ने समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में भाग लिया। उन्होंने महाराष्ट्र और मुंबई के साथ SCI के लंबे संबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि मजबूत शिपिंग इकोसिस्टम व्यापार, रोजगार और देश की समुद्री अर्थव्यवस्था के विकास के लिए आवश्यक है।
MoPSW के सचिव विजय कुमार ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने राष्ट्रीय आवश्यकता के समय SCI की भूमिका को रेखांकित करते हुए कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, बेड़े के विस्तार, रणनीतिक साझेदारियों और हरित शिपिंग पर ध्यान का उल्लेख किया।
SCI के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक कैप्टन बी.के. त्यागी ने कंपनी की आगामी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि SCI देश की शिपिंग क्षमता और टन भार बढ़ाने के राष्ट्रीय प्रयासों के अनुरूप आधुनिक, बड़ा और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बेड़ा तैयार करने के लिए प्रतिबद्ध है।
SCI सरकार की बढ़ी हुई नीतिगत और वित्तीय सहायता के तहत अपने बेड़े के विस्तार की योजना पर काम कर रही है। इंडियन ऑयल की सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों और भारत कंटेनर शिपिंग लाइन के साथ प्रस्तावित संयुक्त उपक्रमों के जरिए कंपनी के विस्तार को गति देने की योजना है।
SCI के अगले चरण के विस्तार को भारत की समुद्री क्षमता, आर्थिक एवं ऊर्जा सुरक्षा और 2047 तक जहाज निर्माण तथा शिपिंग क्षमता बढ़ाने के व्यापक लक्ष्य से जोड़ा जा रहा है।