एसपी नेता ने एक विधायक सहित पाँच लोगों पर साजिश का आरोप लगाया
सिटी न्यूज़ मुंबई/गानी खान
भिवंडी में एक व्हाट्सएप समूह में उभरे कथित ऑडियो को लेकर राजनीतिक उथल-पुथल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी के सिटी सचिव, हामिद सत्तार शेख ने पुलिस अधीक्षक (ज़ोन‑2) के पास लिखित शिकायत दायर की, जिसमें उन्होंने पूर्व भिवंडी विधायक रईस क़सम शेख और पाँच अन्य व्यक्तियों पर उनके हत्या की साजिश का आरोप लगाया। उन्होंने कथित ऑडियो की तकनीकी और फॉरेंसिक जांच तथा स्वयं और अपने परिवार के लिए सुरक्षा की मांग की है।
शिकायत में, हामिद शेख ने सतीश पाटिल उर्फ़ बच्चा, सुल्तान शाकिल सिद्दीकी उर्फ़ टिपु, सजू समीर सिद्दीकी, इमरान वली मोहम्मद खान और विधायक रईस क़सम शेख का नाम लिया। हालांकि, शिकायत में किए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, और ऑडियो की प्रामाणिकता तथा उसके बयानों की सामग्री केवल पुलिस जांच के बाद स्पष्ट होगी।
हामिद शेख के अनुसार, 27 सितंबर को उन्होंने “आर एस कॉरपोरेटर्स” नामक व्हाट्सएप समूह में हुई बातचीत की एक ऑडियो रिकॉर्डिंग प्राप्त की। शिकायत में कहा गया है कि ऑडियो में सतीश पाटिल उर्फ़ बच्चा किसी व्यक्ति को मिल्तानगर जाकर “बॉम्ब गिराने” को कहता है। शिकायत यह भी दावा करती है कि एक अन्य व्यक्ति इस बयान का समर्थन करता है।
पुलिस को अपने आवेदन में हामिद शेख ने आरोप लगाया कि बातचीत और संबंधित व्यक्तियों की गतिविधियों से उन्हें ऐसा महसूस होता है कि उनका जीवन खतरे में है। उन्होंने इस बात की चिंता व्यक्त की कि उनके खिलाफ हमला किया जा सकता है। शिकायतकर्ता ने पुलिस से अनुरोध किया है कि वह कथित ऑडियो की फॉरेंसिक और तकनीकी जांच करे ताकि रिकॉर्डिंग की प्रामाणिकता और शामिल लोगों की पहचान स्पष्ट हो सके। उन्होंने नामित व्यक्तियों की आपराधिक पृष्ठभूमि की जांच और शिकायत में दिए गए आरोपों के आधार पर भारतीय दंड संहिता के तहत उचित कानूनी कार्रवाई की भी मांग की।
हामिद शेख ने स्वयं और अपने परिवार के सदस्यों के लिए तत्काल पुलिस सुरक्षा की भी मांग की। उन्होंने यह कहा कि भविष्य में यदि उनके या किसी परिवार सदस्य के साथ कोई अप्रिय घटना घटती है तो नामित व्यक्तियों की भूमिकाओं की जांच की जानी चाहिए। वर्तमान में, शिकायत पुलिस तक पहुँचने के बाद प्रारंभिक जांच प्रक्रिया चल रही है। कथित ऑडियो की सत्यता, बातचीत का संदर्भ और शिकायत में किए गए आरोपों की पुष्टि केवल जांच के बाद ही स्थापित की जा सकेगी।