मीरा-भाईंदर में स्व. गिल्बर्ट मेंडोसा के नाम पर बनेगा 400 बेड का अत्याधुनिक सरकारी अस्पताल, 28 जून 2028 की डेडलाइन तय
City News Mumbai••0 व्यूज़•3 मिनट पढ़ें
मंत्री प्रताप सरनाईक का प्रशासन को अल्टीमेटम, समय पर काम पूरा नहीं हुआ तो मंत्री पद छोड़कर आंदोलन पर उतरने की चेतावनी**
मिरा-भाईंदर, दि. 21 अक्टूबर 2026 (सिटी न्यूज़ मुंबई)। मीरा-भाईंदर शहर की बढ़ती आबादी और स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी को देखते हुए आरक्षण क्रमांक 302 पर स्व. गिल्बर्ट मेंडोसा के नाम से 400 बेड का अत्याधुनिक सुपर स्पेशियलिटी सरकारी अस्पताल बनाने की परियोजना को गति मिली है। महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री तथा धाराशिव जिले के पालकमंत्री प्रताप सरनाईक ने बुधवार को प्रस्तावित अस्पताल की जमीन का निरीक्षण किया और महानगरपालिका प्रशासन, नगर विकास विभाग के अधिकारियों तथा विकासक के साथ समीक्षा बैठक की।
मंत्री सरनाईक ने अस्पताल का निर्माण कार्य पूरा कर 28 जून 2028 तक राज्य सरकार को हस्तांतरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि तय समयसीमा में काम पूरा नहीं हुआ तो वे मंत्री पद की परवाह किए बिना आंदोलन करेंगे।
400 से 500 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान
प्रस्तावित अस्पताल का निर्माण करीब 3 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में किया जाएगा। बेसमेंट सहित 13 मंजिला इमारत बनाने की योजना है। प्रेस नोट के अनुसार, इस परियोजना पर राज्य सरकार के माध्यम से लगभग 400 से 500 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
अस्पताल में सिविल अस्पताल की तर्ज पर 375 नियमित बेड और 25 विशेष बेड की व्यवस्था प्रस्तावित है। विशेष बेड कैंसर और बर्न के मरीजों के उपचार के लिए आरक्षित रहेंगे। इसके अलावा 200 नर्सों के प्रशिक्षण के लिए अलग प्रशिक्षण केंद्र बनाया जाएगा। डॉक्टरों और नर्सों के लिए उसी इमारत में आवास की सुविधा भी प्रस्तावित है।
निर्माण और मंजूरी की प्रक्रिया
प्रेस नोट के मुताबिक, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान कंस्ट्रक्शन टीडीआर के माध्यम से अस्पताल का प्रस्ताव मंजूर किया गया था। विकासक द्वारा न्यायालय का रुख किए जाने के बाद भी महानगरपालिका ने कानूनी प्रक्रिया के तहत अपना पक्ष रखा।
परियोजना के डिजाइन और कंसल्टेंसी के लिए राज्य सरकार के माध्यम से 6 करोड़ रुपये खर्च किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके लिए दिल्ली की एक कंपनी को कंसल्टेंसी का काम सौंपा गया है।
अधिकारियों के साथ समयसीमा की समीक्षा
मंत्री प्रताप सरनाईक ने आरक्षण क्रमांक 302 की जमीन का निरीक्षण करने के बाद महानगरपालिका आयुक्त, नगर विकास अधिकारियों, जिलाधिकारी, प्रमुख अभियंता और विकासक के साथ बैठक की। बैठक में परियोजना की समयसीमा और काम की प्रगति की समीक्षा की गई।
'समय पर अस्पताल नहीं बना तो आंदोलन करूंगा'
मंत्री प्रताप सरनाईक ने कहा कि मीरा-भाईंदर की आबादी तेजी से बढ़ रही है और आम नागरिकों को इलाज के लिए दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़े, इसके लिए इस अस्पताल का निर्माण महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि विकासक को अंतिम समयसीमा दे दी गई है और अब किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तय समय में अस्पताल जनता की सेवा के लिए तैयार नहीं हुआ तो वे मंत्री पद की परवाह किए बिना सड़क पर उतरकर जनआंदोलन करेंगे।